धर्म तो एक ही हो सकता है और वो है सत्य।

धर्म तो एक ही हो सकता है और वो है सत्य।

धर्म तो एक ही हो सकता है और वो है सत्य।

धर्म अलग अलग कैसे हो सकते है? धर्म तो एक हो सकता है वो है सत्य। धर्म कोई हिन्दू मुस्लिम सिख ईसाई नहीं है धर्म तो एक सत्य है जिसे महसूस किया जा सकता है। धर्म वो सत्य है जिसके द्वारा परमात्मा को देखा जा सकता है।